• June 23, 2024

ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक श्री रशिम रमण सिंह आये परमार्थ निकेतन

 ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक श्री रशिम रमण सिंह आये परमार्थ निकेतन
Sharing Is Caring:

 

कमल अग्रवाल( हरिद्वार) उत्तराखंड

ऋषिकेश ÷ परमार्थ निकेतन में ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक श्री आर. आर. सिंह जी के साथ भारत के कई राज्यों के जीएम और डीजीएम सहित शीर्ष प्रबंधन ़के 20 से अधिक अधिकारी आये। उन्होंने परमार्थ निकेेेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी से भेंट कर आशीर्वाद लिया तथा विश्व विख्यात परमार्थ गंगा आरती में सहभाग किया।

ओरिएण्टल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड के अधिकारियों से चर्चा के दौरान स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने उन्हें पर्यावरण संरक्षण हेतु प्रेरित करते हुये कहा कि इस दुनिया की सुन्दरता को बनाये रखना है तो हमें पर्यावरण, प्रकृति व पौधों के प्रति जागृति लाकर अपना जीवन इंश्योरेंस करना होगा तभी हम न केवल जीवन बल्कि अपनी धरा को भी सुरक्षित रख सकते हैं। स्वामी जी ने कहा कि कुछ ऐसा होना चाहिये कि पौधे लगाओ, पालिसी पाओ, पौधे लगाओेेे, क्लेम पाओ। नियमों में रहते हुये जागृति के कार्य होने चाहिये ताकि लोगों को लाभ भी प्राप्त हो और पर्यावरण का भी संरक्षण हो सके।

स्वामी जी ने कहा कि प्रकृति हर कदम पर मनुष्य के जीवन पर प्रभाव डालती है जिसे हम बाहर व भीतर अर्थात शारीरिक व मानसिक दोनों स्थितियों में महसूस कर सकते हैं। बिना स्वच्छ प्रकृति व पर्यावरण के स्वस्थ जीवन का निर्माण सम्भव नहीं है। जिस प्रकार कंपनियों में इंश्योरेंस करने पर पांच/सात वर्ष में हमारे रूपयों में वृद्धि होती है उसी प्रकार अब समय आ गया कि पौधों का रोपण कर हम अपनी प्रकृति का इंश्योरेंस करे क्योंकि यही वर्तमान समय की सबसे बड़ी जरूरत है।

स्वामी जी ने कहा कि आप सभी प्रबंधन के पिलर हैं अतः मिलकर अपने पर्यावरण का प्रबंधन करने की ओर अपने टाईम, टैलेंट, टेक्नाॅलाजी और टेनासिटी को लगाना होगा। जैसे गंदे पानी को फिल्टरिंग के माध्यम से उसकी अशुद्धियों को हटाकर शुद्ध किया जा सकता है क्योंकि पानी की सहज शुद्धता हमेशा बनी रहती है। वैसे ही हमारा पर्यावरण प्रदूषित हो रहा है ग्लोबल वार्मिग, क्लाइमेंट चेंज जैसी समस्यायें हमारे सामने है परन्तु ऐसा नहीं है कि हमारी प्रकृति में इससे लड़ने व इसका शमन करने की शक्ति नहीं है।

प्रकृति, नदियां, व पर्यावरण में सहज प्रदूषण मुक्त होने की अपार शक्ति है परन्तु कुछ चीजे जैसे सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग करना बंद करना होगा। जिस वेग से पौधों को काटा जा रहा है उससे तीव्र गति से पौधों का रोपण करना होगा क्योंकि जब अशुद्धता दूर होगी तो हमारी प्रकृति व पर्यावरण सहज शुद्ध हो जायेगा।

स्वामी जी ने कहा कि यह समय प्रकृति व पर्यावरण के प्रति समर्पण का है। हमें अपने अस्तित्व को बनाये रखने के लिये प्रकृति के अस्तित्व को बनाये रखना होगा।

श्री आर. आर. सिंह जी ने कहा कि प्रबंधन के हमारे सभी अधिकारी पूज्य स्वामी का सान्निध्य व मार्गदर्शन पाकर धन्य हुये। स्वामी जी ने विभिन्न माध्यमों द्वारा पर्यावरण में संरक्षण करने हेतु प्रेरित किया। वास्तव में यह समय पर्यावरण में इंश्योरेंस व पर्यावरण का इंश्योरेंस करने का है ताकि आने वाली पीढ़ियों को उसका लाभांश प्राप्त हो सके क्योंकि यही भावी पीढ़ियों के लिये वास्तविक धरोहर हैं।

सभी ने कहा कि अपने-अपने राज्यों में अपने-अपने बैंकों के माध्यम से ज्यादा से ज्यादा पौधों का रोपण कर जागृति के कार्यों में पूर्ण सहयोग प्रदान करेंगे।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने श्री आर. आर. सिंह जी, जीएम और डीजीएम सहित शीर्ष प्रबंधन ़के अधिकारियों को रूद्राक्ष का दिव्य पौधा आशीर्वाद स्वरूप भेंट किया।

Sharing Is Caring:

Related post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *